International Journal of Contemporary Research In Multidisciplinary, 2026;5(5):323-326
ई-सरकार और नागरिक सहभागिता : अवसर एवं बाधाएं
Author Name: डॉ. महेंद्र सिंह;
Abstract
ई-सरकार,सूचना और संचार प्रौद्योगिकी (आई.सी.टी) के माध्यम से सार्वजनिक सेवाओं के वितरण और शासन प्रक्रियाओं में एक क्रांतिकारी बदलाव का प्रतीक है। यह नागरिक सहभागिता के लिए अभूतपूर्व अवसर प्रस्तुत करता है, जिसमें पारदर्शिता बढ़ाना, सेवाओं की दक्षता में सुधार करना और नागरिकों को नीति निर्माण में सीधे तौर पर शामिल करने के लिए डिजिटल मंच प्रदान करना शामिल है। ऑनलाइन पोर्टल, मोबाइल एप्लिकेशन और सोशल मीडिया एक अधिक जवाबदेह और नागरिक-केंद्रित शासन प्रणाली की नींव रखते हैं। हालाँकि, इसके कार्यान्वयन में कई बाधाएँ विद्यमान हैं। डिजिटल विभाजन, जो सामाजिक-आर्थिक स्थितियों और तकनीकी साक्षरता के आधार पर असमान पहुँच पैदा करता है, एक प्रमुख चुनौती है। साइबर सुरक्षा खतरे और डेटा गोपनीयता संबंधी चिंताएँ नागरिकों के विश्वास को प्रभावित करती हैं। इसके अतिरिक्त, नौकरशाही प्रतिरोध, पुरानी संरचनात्मक व्यवस्थाएँ और डिजिटल बुनियादी ढाँचे की अपर्याप्तता व्यापक अपनाने और प्रभावी कार्यान्वयन में बाधा डालती हैं। इन चुनौतियों के बावजूद, ई-गवर्नमेंट लोकतांत्रिक सहभागिता को मजबूत करने और एक अधिक समावेशी समाज बनाने की दिशा में एक शक्तिशाली उपकरण बना हुआ है।
Keywords
ई-सरकार, नागरिक सहभागिता, डिजिटल विभाजन, पारदर्शिता, साइबर सुरक्षा, डिजिटल अवसंरचना