International Journal of Contemporary Research In Multidisciplinary, 2026;5(1):674-677
गांधी और लोहिया का सामाजिक दर्शन: एक तुलनात्मक अध्ययन
Author Name: सजन कुमार; डॉ. उमेश प्रसाद नीरज;
Abstract
प्रस्तुत शोध आलेख महात्मा गांधी और डॉ. राममनोहर लोहिया के सामाजिक दर्शन का तुलनात्मक विश्लेषण प्रस्तुत करता है। गांधी और लोहिया दोनों ही भारतीय स्वतंत्रता संग्राम और सामाजिक परिवर्तन के महान विचारक थे। इस शोध में उनके सामाजिक विचारों, सत्याग्रह, समाजवाद, जाति व्यवस्था के प्रति दृष्टिकोण, और ग्राम स्वराज की अवधारणाओं का गहन अध्ययन किया गया है। गांधी का सामाजिक दर्शन अहिंसा, सत्य, और सर्वोदय पर आधारित था, जबकि लोहिया ने समाजवाद को भारतीय संदर्भ में पुनर्परिभाषित करते हुए चौखंभा राज्य और सात क्रांतियों का सिद्धांत प्रस्तुत किया। यह अध्ययन दोनों विचारकों के बीच समानताओं और भिन्नताओं को रेखांकित करता है तथा वर्तमान समय में उनकी प्रासंगिकता की पड़ताल करता है।
Keywords
गांधी, लोहिया, सामाजिक दर्शन, सत्याग्रह, समाजवाद, सर्वोदय, चौखंभा राज्य